घनाभ, घन, बेलन, शंकु, गोला तथा अर्द्धगोला के पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन के सम्पूर्ण नोट्स, सूत्र एवं हल किए गए उदाहरण।
1. परिचय एवं मूल अवधारणाएँ
जिन आकृतियों में केवल लंबाई और चौड़ाई होती है, वे द्विविमीय आकृतियाँ कहलाती हैं। जिन ठोस आकृतियों में लंबाई, चौड़ाई और ऊँचाई होती है, वे त्रिविमीय आकृतियाँ कहलाती हैं।
पृष्ठीय क्षेत्रफल (Surface Area)
किसी ठोस आकृति की सभी बाहरी सतहों के कुल क्षेत्रफल को उसका पृष्ठीय क्षेत्रफल कहते हैं।
आयतन (Volume)
किसी ठोस वस्तु द्वारा घेरे गए स्थान की माप को उसका आयतन कहते हैं।
2. इकाइयाँ एवं मात्रक परिवर्तन
| माप | प्रमुख इकाइयाँ | महत्त्वपूर्ण परिवर्तन |
|---|---|---|
| लंबाई | mm, cm, m | 1 m = 100 cm |
| क्षेत्रफल | cm², m² | 1 m² = 10,000 cm² |
| आयतन | cm³, m³ | 1 m³ = 10,00,000 cm³ |
| धारिता | mL, L | 1 L = 1000 cm³ तथा 1 m³ = 1000 L |
3. घनाभ (Cuboid)
आयताकार फलकों से घिरी त्रिविमीय आकृति को घनाभ कहते हैं। इसकी लंबाई \(l\), चौड़ाई \(b\) तथा ऊँचाई \(h\) मानी जाती है।
- फलकों की संख्या = 6
- किनारों की संख्या = 12
- शीर्षों की संख्या = 8
4. घन (Cube)
जिस घनाभ की लंबाई, चौड़ाई और ऊँचाई बराबर हों, उसे घन कहते हैं। यदि प्रत्येक किनारे की लंबाई \(a\) हो, तो—
5. बेलन (Cylinder)
समान त्रिज्या वाले दो वृत्ताकार आधारों और एक वक्र पृष्ठ से बनी ठोस आकृति को बेलन कहते हैं। इसकी त्रिज्या \(r\) तथा ऊँचाई \(h\) होती है।
6. शंकु (Cone)
वृत्ताकार आधार और एक शीर्ष वाली ठोस आकृति को शंकु कहते हैं। इसमें \(r\) त्रिज्या, \(h\) लम्बवत ऊँचाई और \(l\) तिर्यक ऊँचाई है।
तिर्यक ऊँचाई के सही सूत्र
7. गोला (Sphere)
ऐसी ठोस आकृति जिसकी सतह का प्रत्येक बिंदु एक निश्चित बिंदु से समान दूरी पर हो, गोला कहलाती है। निश्चित बिंदु गोले का केंद्र और समान दूरी उसकी त्रिज्या \(r\) कहलाती है।
8. अर्द्धगोला (Hemisphere)
गोले के आधे भाग को अर्द्धगोला कहते हैं।
ध्यान दें: सम्पूर्ण क्षेत्रफल में वृत्ताकार आधार भी शामिल होता है।
9. खोखला गोला अथवा गोलीय खोल
यदि बाहरी त्रिज्या \(R\) तथा भीतरी त्रिज्या \(r\) हो, तो दोनों गोलों के आयतनों का अंतर खोखले गोले में प्रयुक्त पदार्थ का आयतन देता है।
10. पिघलाकर दूसरी आकृति बनाना
किसी ठोस वस्तु को पिघलाकर दूसरी आकृति बनाने पर पदार्थ की मात्रा नहीं बदलती। इसलिए दोनों आकृतियों के आयतन बराबर होते हैं।
माप बदलने पर प्रभाव
| परिवर्तन | पृष्ठीय क्षेत्रफल पर प्रभाव | आयतन पर प्रभाव |
|---|---|---|
| सभी रैखिक माप \(k\) गुने | \(k²\) गुना | \(k³\) गुना |
| केवल त्रिज्या \(m\) गुनी | त्रिज्या वाले क्षेत्रफल में \(m²\) गुना | \(m²\) गुना |
| केवल ऊँचाई \(n\) गुनी | सूत्र के अनुसार | \(n\) गुना |
11. महत्त्वपूर्ण हल किए गए उदाहरण
एक घनाभ की लंबाई 8 cm, चौड़ाई 5 cm और ऊँचाई 4 cm है। इसका आयतन ज्ञात कीजिए।
हल:
किसी बेलन की त्रिज्या 7 cm तथा ऊँचाई 10 cm है। इसका आयतन ज्ञात कीजिए।
शंकु की त्रिज्या 3 m और ऊँचाई 4 m है। तिर्यक ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
यदि \(r=3m\), \(h=4m\) और \(l=5m\), तो—
- वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल = πrl = \( \frac{22}{7}×3×5=\frac{330}{7}\,m² \)
- सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल = πr(l+r) = \( \frac{528}{7}\,m² \)
- आयतन = \( \frac{1}{3}πr²h=\frac{264}{7}\,m³ \)
14 cm व्यास वाले गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
व्यास = 14 cm, इसलिए \(r=7cm\)
12. सम्पूर्ण सूत्र-सारणी
| आकृति | पृष्ठीय क्षेत्रफल | आयतन |
|---|---|---|
| घनाभ | LSA = 2h(l+b), TSA = 2(lb+bh+hl) | lbh |
| घन | LSA = 4a², TSA = 6a² | a³ |
| बेलन | CSA = 2πrh, TSA = 2πr(h+r) | πr²h |
| शंकु | CSA = πrl, TSA = πr(l+r) | ⅓πr²h |
| गोला | 4πr² | ⁴⁄₃πr³ |
| अर्द्धगोला | CSA = 2πr², TSA = 3πr² | ⅔πr³ |
13. अभ्यास प्रश्न
- 5 cm किनारे वाले घन का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन ज्ञात कीजिए।
- 10 cm लंबाई, 8 cm चौड़ाई और 6 cm ऊँचाई वाले घनाभ का आयतन ज्ञात कीजिए।
- 7 cm त्रिज्या और 15 cm ऊँचाई वाले बेलन का वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
- शंकु की त्रिज्या 5 cm और ऊँचाई 12 cm है। उसकी तिर्यक ऊँचाई ज्ञात कीजिए।
- 21 cm व्यास वाले गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
- 7 cm त्रिज्या वाले अर्द्धगोले का सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल ज्ञात कीजिए।
- एक धातु के गोले को पिघलाकर समान आकार के छोटे गोले बनाए जाते हैं। आयतन की समानता से उनकी संख्या ज्ञात करने की विधि लिखिए।
14. त्वरित पुनरावृत्ति
- क्षेत्रफल की इकाई हमेशा वर्ग इकाई होती है, जैसे cm² और m²।
- आयतन की इकाई हमेशा घन इकाई होती है, जैसे cm³ और m³।
- शंकु के लिए \(l²=r²+h²\) होता है।
- गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल \(4πr²\) होता है।
- गोले का आयतन \(⁴⁄₃πr³\) होता है।
- अर्द्धगोले के TSA में वृत्ताकार आधार का क्षेत्रफल भी शामिल होता है।
- पिघलाकर नई आकृति बनाने पर दोनों आकृतियों के आयतन बराबर किए जाते हैं।
- गणना से पहले सभी मापों को एक ही इकाई में बदलें।
15. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
पृष्ठीय क्षेत्रफल और आयतन में क्या अंतर है?
पृष्ठीय क्षेत्रफल ठोस की बाहरी सतह का क्षेत्रफल है, जबकि आयतन ठोस द्वारा घेरे गए स्थान की माप है।
शंकु की तिर्यक ऊँचाई कैसे निकालते हैं?
तिर्यक ऊँचाई से निकाली जाती है।
अर्द्धगोले का वक्र और सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल क्या है?
वक्र पृष्ठीय क्षेत्रफल \(2πr²\) और सम्पूर्ण पृष्ठीय क्षेत्रफल \(3πr²\) होता है।
क्षमता और आयतन में क्या संबंध है?
1000 cm³ = 1 लीटर तथा 1 cm³ = 1 मिलीलीटर होता है।
पिघलाकर ढालने वाले प्रश्न कैसे हल करें?
पुरानी वस्तु का आयतन और नई वस्तु का कुल आयतन बराबर करके अज्ञात माप या वस्तुओं की संख्या ज्ञात की जाती है।
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