Class 10 Sanskrit Grammar Chapter 5 – लकार के प्रकार, नियम, उदाहरण और अभ्यास

Class 10 Sanskrit Grammar Chapter 5 – लकार के प्रकार, नियम, उदाहरण और अभ्यास
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संस्कृत व्याकरण – लकार

Sanskrit Lakar in Hindi – Complete Notes

परिभाषा • प्रकार • नियम • रूप तालिका • उदाहरण • MCQs

विषय-सूची

1. लकार किसे कहते हैं?

संस्कृत व्याकरण में धातुओं से विभिन्न कालों और अर्थों में क्रिया के रूप बनाने के लिए जिन व्याकरणिक चिह्नों का प्रयोग होता है, उन्हें लकार कहते हैं।

लकार के माध्यम से यह स्पष्ट होता है कि क्रिया वर्तमान, भूत या भविष्यत् से संबंधित है अथवा उससे आज्ञा, संभावना, विधि आदि का बोध होता है।

उदाहरण – पठ् धातु
पठति = वह पढ़ता है।
अपठत् = उसने पढ़ा।
पठिष्यति = वह पढ़ेगा।
पठतु = वह पढ़े।
पठेत् = उसे पढ़ना चाहिए / वह पढ़े।

यहाँ एक ही धातु ‘पठ्’ के रूप अलग-अलग लकारों के अनुसार बदल रहे हैं।

2. संस्कृत में लकार के प्रकार

पारंपरिक संस्कृत व्याकरण में दस लकार माने जाते हैं।

क्रमलकारप्रमुख प्रयोग
1लट्वर्तमान काल
2लिट्परोक्ष भूतकाल
3लुट्अनद्यतन भविष्यत् आदि विशेष भविष्यत् प्रयोग
4लृट्सामान्य भविष्यत् काल
5लेट्वैदिक प्रयोग, विशेषतः विधि आदि
6लोट्आज्ञा, अनुरोध, अनुमति
7लङ्अनद्यतन भूतकाल
8लिङ्विधिलिङ् तथा आशीर्लिङ् के प्रयोग
9लुङ्सामान्य भूतकाल के विशेष रूप
10लृङ्शर्तयुक्त या क्रियातिपत्ति प्रयोग
परीक्षा की तैयारी: विद्यालयी अभ्यास में लट्, लङ्, लृट्, लोट् और विधिलिङ् के रूप विशेष रूप से पढ़ाए जाते हैं। नीचे इन्हीं पाँचों का विस्तार है।

3. पुरुष और वचन का संबंध

संस्कृत में तीन पुरुष और तीन वचन होते हैं। इस कारण एक लकार में किसी परस्मैपदी धातु के सामान्यतः नौ रूप पढ़ाए जाते हैं।

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमसःतौते
मध्यमत्वम्युवाम्यूयम्
उत्तमअहम्आवाम्वयम्
ध्यान दें: संस्कृत में ‘अहम्’ उत्तम पुरुष है, प्रथम पुरुष नहीं।

4. लट् लकार – वर्तमान काल

परिभाषा: वर्तमान समय में होने वाली क्रिया के लिए सामान्यतः लट् लकार का प्रयोग होता है।

पहचान: पढ़ता है, जाता है, लिखता है, खाते हैं आदि।

पठ् धातु – लट् लकार

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमपठतिपठतःपठन्ति
मध्यमपठसिपठथःपठथ
उत्तमपठामिपठावःपठामः

उदाहरण

रामः पुस्तकं पठति। = राम पुस्तक पढ़ता है।
बालकौ पठतः। = दो बालक पढ़ते हैं।
वयं संस्कृतं पठामः। = हम संस्कृत पढ़ते हैं।

5. लङ् लकार – भूतकाल

परिभाषा: लङ् लकार का मुख्य प्रयोग अनद्यतन भूतकाल में होता है। विद्यालयी स्तर पर इसे सामान्यतः भूतकाल के रूप में पढ़ाया जाता है।

पहचान: पढ़ा, गया, लिखा, किया आदि।

पठ् धातु – लङ् लकार

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमअपठत्अपठताम्अपठन्
मध्यमअपठःअपठतम्अपठत
उत्तमअपठम्अपठावअपठाम

उदाहरण

रामः पुस्तकम् अपठत्। = राम ने पुस्तक पढ़ी।
बालकाः अपठन्। = बालकों ने पढ़ा।
अहम् अपठम्। = मैंने पढ़ा।

पठ् धातु के लङ् रूप में ‘अ’ आगम आता है, जैसे पठति के स्थान पर अपठत्।

6. लृट् लकार – भविष्यत् काल

परिभाषा: भविष्य में होने वाली क्रिया को व्यक्त करने के लिए सामान्यतः लृट् लकार का प्रयोग होता है।

पहचान: पढ़ेगा, जाएगा, लिखेगा, करेंगे आदि।

पठ् धातु – लृट् लकार

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमपठिष्यतिपठिष्यतःपठिष्यन्ति
मध्यमपठिष्यसिपठिष्यथःपठिष्यथ
उत्तमपठिष्यामिपठिष्यावःपठिष्यामः

उदाहरण

रामः श्वः पठिष्यति। = राम कल पढ़ेगा।
अहं पुस्तकं पठिष्यामि। = मैं पुस्तक पढ़ूँगा।
वयं संस्कृतं पठिष्यामः। = हम संस्कृत पढ़ेंगे।

7. लोट् लकार – आज्ञार्थ

परिभाषा: आज्ञा, अनुरोध, अनुमति, प्रेरणा आदि का बोध कराने के लिए लोट् लकार का प्रयोग होता है।

पहचान: पढ़ो, जाओ, पढ़े, जाने दो आदि।

पठ् धातु – लोट् लकार

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमपठतुपठताम्पठन्तु
मध्यमपठपठतम्पठत
उत्तमपठानिपठावपठाम

उदाहरण

त्वं पुस्तकम् पठ। = तुम पुस्तक पढ़ो।
सः संस्कृतं पठतु। = वह संस्कृत पढ़े।
वयं पठाम। = हम पढ़ें / आओ हम पढ़ें।

लोट् लकार के सभी रूप केवल आदेश नहीं होते। प्रसंग के अनुसार विनम्र अनुरोध या अनुमति का अर्थ भी निकल सकता है।

8. विधिलिङ् लकार – विधि, संभावना और सलाह

परिभाषा: विधिलिङ् लकार का प्रयोग कर्तव्य, सलाह, संभावना और विधि आदि के अर्थ में होता है।

पहचान: पढ़ना चाहिए, पढ़े, जा सकता है आदि — अर्थ प्रसंग पर निर्भर करता है।

पठ् धातु – विधिलिङ् लकार

पुरुषएकवचनद्विवचनबहुवचन
प्रथमपठेत्पठेताम्पठेयुः
मध्यमपठेःपठेतम्पठेत
उत्तमपठेयम्पठेवपठेम

उदाहरण

छात्रः प्रतिदिनं पठेत्। = छात्र को प्रतिदिन पढ़ना चाहिए।
त्वं सत्यं वदेः। = तुम्हें सत्य बोलना चाहिए।
वयं सदैव पठेम। = हमें सदैव पढ़ना चाहिए।

9. पाँचों लकारों में अंतर

लकारअर्थपठ्गम्भू
लट्वर्तमानपठतिगच्छतिभवति
लङ्भूतअपठत्अगच्छत्अभवत्
लृट्भविष्यत्पठिष्यतिगमिष्यतिभविष्यति
लोट्आज्ञा आदिपठतुगच्छतुभवतु
विधिलिङ्विधि/संभावनापठेत्गच्छेत्भवेत्

इस तालिका में सभी उदाहरण प्रथम पुरुष एकवचन के हैं।

10. लकार पहचानने के महत्वपूर्ण नियम

नियम 1: क्रिया का वर्तमान अर्थ होने पर लट् लकार देखें। उदाहरण: गच्छति।
नियम 2: भूतकाल के लिए लङ् के रूपों का अभ्यास करें। उदाहरण: अगच्छत्।
नियम 3: सामान्य भविष्यत् काल में लृट् का प्रयोग होता है। उदाहरण: गमिष्यति।
नियम 4: आज्ञा, प्रार्थना और अनुमति में लोट् का प्रयोग हो सकता है। उदाहरण: गच्छतु।
नियम 5: विधि, सलाह या संभावना में विधिलिङ् का प्रयोग हो सकता है। उदाहरण: गच्छेत्।
महत्वपूर्ण: केवल हिंदी अनुवाद से हर बार लकार का सही निर्धारण नहीं होता। संस्कृत क्रिया के वास्तविक रूप और वाक्य के प्रसंग को भी समझें।

11. संस्कृत वाक्यों में लकार का प्रयोग

संस्कृतहिंदी अर्थलकार
बालकः विद्यालयं गच्छति।बालक विद्यालय जाता है।लट्
बालकः विद्यालयम् अगच्छत्।बालक विद्यालय गया।लङ्
बालकः विद्यालयं गमिष्यति।बालक विद्यालय जाएगा।लृट्
बालकः विद्यालयं गच्छतु।बालक विद्यालय जाए।लोट्
बालकः विद्यालयं गच्छेत्।बालक को विद्यालय जाना चाहिए।विधिलिङ्
अहं पुस्तकं पठामि।मैं पुस्तक पढ़ता हूँ।लट्
अहं पुस्तकम् अपठम्।मैंने पुस्तक पढ़ी।लङ्
अहं पुस्तकं पठिष्यामि।मैं पुस्तक पढ़ूँगा।लृट्
त्वं पुस्तकम् पठ।तुम पुस्तक पढ़ो।लोट्
त्वं पुस्तकं पठेः।तुम्हें पुस्तक पढ़नी चाहिए।विधिलिङ्

12. अभ्यास प्रश्न – उत्तर सहित

A. रिक्त स्थान भरें

  1. लट् लकार सामान्यतः ______ काल बताता है।
  2. लृट् लकार सामान्यतः ______ काल बताता है।
  3. पठ् धातु का लट् प्रथम पुरुष एकवचन ______ है।
  4. पठ् धातु का लङ् प्रथम पुरुष एकवचन ______ है।
  5. गम् धातु का लृट् प्रथम पुरुष एकवचन ______ है।
  6. भू धातु का विधिलिङ् प्रथम पुरुष एकवचन ______ है।
  7. लोट् लकार में पठ् धातु का मध्यम पुरुष एकवचन ______ है।
  8. संस्कृत में ______ पुरुष और ______ वचन होते हैं।
उत्तर देखें

1. वर्तमान
2. भविष्यत्
3. पठति
4. अपठत्
5. गमिष्यति
6. भवेत्
7. पठ
8. तीन, तीन

B. लकार पहचानिए

  1. गच्छन्ति
  2. अपठाम
  3. भविष्यथ
  4. पठन्तु
  5. गच्छेयुः
उत्तर देखें

1. लट्
2. लङ्
3. लृट्
4. लोट्
5. विधिलिङ्

13. लकार के 20 महत्वपूर्ण MCQs

उत्तर देखने के लिए प्रत्येक प्रश्न के नीचे View Answer खोलें।

1. वर्तमान काल के लिए सामान्यतः कौन-सा लकार प्रयुक्त होता है? A. लट्
B. लङ्
C. लृट्
D. लोट्
View AnswerA. लट्
2. ‘पठति’ किस लकार का रूप है? A. लोट्
B. लट्
C. लङ्
D. विधिलिङ्
View AnswerB. लट्
3. ‘अपठत्’ किस लकार का रूप है? A. लट्
B. लृट्
C. लङ्
D. लोट्
View AnswerC. लङ्
4. ‘पठिष्यति’ किस काल का बोध कराता है? A. वर्तमान
B. भविष्यत्
C. भूत
D. कोई नहीं
View AnswerB. भविष्यत्
5. आज्ञा या अनुरोध में किस लकार का प्रयोग होता है? A. लङ्
B. लृट्
C. लोट्
D. लट्
View AnswerC. लोट्
6. ‘पठेत्’ किस लकार का रूप है? A. विधिलिङ्
B. लट्
C. लङ्
D. लृट्
View AnswerA. विधिलिङ्
7. ‘गच्छति’ का अर्थ क्या है? A. गया
B. जाएगा
C. जाता है
D. जाओ
View AnswerC. जाता है
8. ‘अगच्छत्’ का सामान्य हिंदी अर्थ क्या है? A. जाता है
B. गया
C. जाएगा
D. जाए
View AnswerB. गया
9. ‘गमिष्यति’ किस लकार का रूप है? A. लृट्
B. लट्
C. लोट्
D. लङ्
View AnswerA. लृट्
10. ‘गच्छतु’ किस लकार का रूप है? A. लट्
B. लङ्
C. लोट्
D. विधिलिङ्
View AnswerC. लोट्
11. ‘गच्छेत्’ किस लकार का रूप है? A. लृट्
B. विधिलिङ्
C. लट्
D. लङ्
View AnswerB. विधिलिङ्
12. ‘भवति’ किस धातु से बनता है? A. पठ्
B. गम्
C. भू
D. लिख्
View AnswerC. भू
13. ‘अभवत्’ किस लकार का रूप है? A. लङ्
B. लट्
C. लोट्
D. लृट्
View AnswerA. लङ्
14. ‘भविष्यति’ किस लकार का रूप है? A. लट्
B. लृट्
C. लोट्
D. विधिलिङ्
View AnswerB. लृट्
15. ‘भवेत्’ किस लकार का रूप है? A. लोट्
B. लट्
C. विधिलिङ्
D. लङ्
View AnswerC. विधिलिङ्
16. ‘पठामः’ किस पुरुष और वचन का रूप है? A. प्रथम बहुवचन
B. उत्तम बहुवचन
C. मध्यम बहुवचन
D. उत्तम द्विवचन
View AnswerB. उत्तम बहुवचन
17. ‘पठथः’ किस पुरुष और वचन का रूप है? A. प्रथम द्विवचन
B. उत्तम द्विवचन
C. मध्यम द्विवचन
D. मध्यम बहुवचन
View AnswerC. मध्यम द्विवचन
18. ‘पठन्तु’ किस लकार का रूप है? A. लोट्
B. लट्
C. लङ्
D. लृट्
View AnswerA. लोट्
19. ‘पठेयुः’ किस लकार का रूप है? A. लट्
B. विधिलिङ्
C. लृट्
D. लङ्
View AnswerB. विधिलिङ्
20. पारंपरिक संस्कृत व्याकरण में कितने लकार माने जाते हैं? A. तीन
B. पाँच
C. आठ
D. दस
View AnswerD. दस

14. Quick Revision – परीक्षा के लिए

लकारमुख्य पहचानउदाहरण
लट्वर्तमानपठति
लङ्भूतअपठत्
लृट्भविष्यत्पठिष्यति
लोट्आज्ञा / अनुरोधपठतु
विधिलिङ्विधि / संभावनापठेत्
याद रखने का आसान तरीका:
पठति – अभी पढ़ता है।
अपठत् – पहले पढ़ा।
पठिष्यति – आगे पढ़ेगा।
पठतु – पढ़े।
पठेत् – पढ़ना चाहिए।

परीक्षा टिप: पाँचों लकारों के प्रथम पुरुष एकवचन रूप याद करने के बाद प्रत्येक की नौ-रूपों वाली पूरी तालिका का अभ्यास करें।

15. Frequently Asked Questions

लकार क्या है?

लकार संस्कृत क्रिया के काल तथा आज्ञा, विधि, संभावना आदि अर्थों से संबंधित व्याकरणिक चिह्न है।

संस्कृत में कितने लकार हैं?

पारंपरिक संस्कृत व्याकरण में दस लकार माने जाते हैं।

लट् और लृट् में क्या अंतर है?

लट् वर्तमान काल तथा लृट् सामान्य भविष्यत् काल में प्रयुक्त होता है।

लोट् लकार का प्रयोग कब होता है?

आज्ञा, अनुरोध, अनुमति और प्रेरणा आदि के अर्थ में।

विधिलिङ् का उदाहरण क्या है?

पठेत्, गच्छेत् और भवेत् विधिलिङ् के उदाहरण हैं।

लङ् लकार किस काल में प्रयुक्त होता है?

इसका मुख्य प्रयोग अनद्यतन भूतकाल में होता है। विद्यालयी अभ्यास में इसे भूतकाल के रूप में पढ़ाया जाता है।

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Class 10 Sanskrit Grammar – Chapter 5: लकार